पीयूष कुमार प्रियदर्शी
10 रुपये में मिल रही प्राकृतिक ठंडक, बाजारों में बढ़ी मांग
हवेली खड़गपुर
भीषण गर्मी और लगातार बढ़ते तापमान के बीच ताड़ फल, जिसे आमतौर पर आईस एप्पल (ताड़गोला) के नाम से जाना जाता है, लोगों की पहली पसंद बनता जा रहा है। शहर के प्रमुख चौक-चौराहों, बाजारों और सड़क किनारे लगी अस्थायी दुकानों पर इसकी बिक्री में लगातार वृद्धि देखी जा रही है। गर्मी से राहत देने वाले इस प्राकृतिक फल की मांग इन दिनों चरम पर पहुंच गई है।
अंबेडकर चौक, तारापुर मोड़, थाना मोड़ समेत कई स्थानों पर सुबह से देर शाम तक आईस एप्पल खरीदने वालों की भीड़ लगी रहती है। विक्रेता इसे 10 रुपये प्रति पीस की दर से बेच रहे हैं। कम कीमत और स्वास्थ्यवर्धक गुणों के कारण यह हर वर्ग के लोगों की पहुंच में है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि आईस एप्पल का स्वाद न केवल ताजगी देता है, बल्कि शरीर को अंदर से ठंडक भी पहुंचाता है। इसका रसदार और पारदर्शी गूदा गर्मी में होने वाली प्यास और थकान को दूर करने में मददगार साबित होता है। यही वजह है कि लोग कोल्ड ड्रिंक की जगह इस प्राकृतिक फल को अधिक पसंद कर रहे हैं।
दुकानदारों के अनुसार अधिकांश ताड़ फल ग्रामीण इलाकों से लाए जाते हैं। इसकी बढ़ती मांग से गांवों के लोगों को भी रोजगार और अतिरिक्त आय का अवसर मिल रहा है। कई परिवार ताड़ फल की बिक्री के माध्यम से अपनी आजीविका चला रहे हैं।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार आईस एप्पल में पानी, खनिज तत्व और प्राकृतिक पोषक तत्व प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं। यह शरीर को हाइड्रेट रखने के साथ-साथ लू और डिहाइड्रेशन से बचाने में भी सहायक है।
गर्मी के बढ़ते असर के बीच आईस एप्पल लोगों के लिए राहत का माध्यम बन गया है। आने वाले दिनों में तापमान बढ़ने के साथ इसकी मांग और बिक्री में और वृद्धि होने की संभावना जताई जा रही है।



